BSE or NSE Me Kya Antar Hai

NSE क्या है और NSE और BSE में अंतर – National Stock Exchange In Hindi

NSE Full Form in Hindi: पिछले लेख में हमने आपको BSE (Bombay Stock Exchange) के बारे में बताया था, आज के इस लेख में हम आपको भारत के सबसे बड़े शेयर बाजार National Stock Exchange के बारे में बताएँगे.

इस लेख में आपको जानने को मिलेगा कि NSE क्या है, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज इन हिंदी, NSE का इतिहास, NSE के उद्देश्य और BSE तथा NSE में क्या अंतर है.

NSE भारत का सबसे बड़ा शेयर बाजार है जिसकी स्थापना भारतीय शेयर बाजार में पारदर्शिता लाने के उद्देश्य से किया गया था. NSE के आने के बाद ही शेयरों की लेन – देन कंप्यूटराइज्ड तरीके से होने लगी और सारा पेपर वर्क को ख़त्म किया गया.

शेयर बाजार के कंप्यूटराइज्ड होने से निवेशकों के हितों की रक्षा हो सकी और शेयर बाजार में होने वाले Scam पर रोक लगी. एक निवेशक को NSE के बारे बीएसई और एनएसई क्या हैं? में जानकारी होना उतना ही महत्वपूर्ण है जितना कि शेयरों के लेन – देन के बारे में. और NSE के बारे में पूरी जानकारी आपको इस लेख में मिलेगी.

NSE क्या है और NSE और BSE में अंतर – National Stock Exchange Full Form In Hindi

तो चलिए आपका अधिक समय न लेते हुए शुरू करते हैं आज के इस लेख को और जानते हैं NSE क्या है हिंदी में.

NSE और BSE क्या है?

बीएसई का मतलब है ‘बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज’ और एनएसई का मतलब है ‘नेशनल स्टॉक एक्सचेंज’। हालांकि हर कोई जानता है कि ये दोनों शेयर्स और बॉन्‍ड्स जैसी सिक्योरिटीज से जुड़े हुये हैं, लेकिन इनका असली मतलब शायद हर किसी को पता नहीं होगा। आइये हम बताते है क्या हैं बीएसई और एनएसई। भारत में दो शेयर बाज़ार हैं: बीएसई यानि ‘बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज’ और एनएसई यानि ‘नेशनल स्टॉक एक्सचेंज’।

भारत में दो प्रमुख स्टॉक एक्सचेंज :

  • BSE यानि (Bombay Stock Exchange), की स्थापना सन 1875 में हई थी।
  • NSE यानि (National Stock Exchange) की स्थापना सन 1992 में हुई थी।

दोनों एक्सचेंज के सूचकांक(INDEX) :

  • NSE का सूचकांक NIFTY (‘N’=NSE तथा ‘IFTY’=fifty यानि NSE-50)| “NIFTY INDEX” NSE में सूचीबद्ध शेयरों का प्रतिनिधित्व करती है। और
  • BSE का सूचकांक “SENSEX” (“सेंसिटिव इंडेक्स”) । “SENSEX INDEX” BSE में सूचीबद्ध शेयरों का प्रतिनिधित्व(represent) करती है।

NSE और BSE index की गणना विधि क्या है ? :

SENSEX और NIFTY INDEX की गणना “free float market capitalization” विधि से की जाती है। यानी सेन्सेक्स की गणना “मार्केट कैपिटलाइजेशन-वेटेज मेथेडोलॉजी” के आधार पर की जाती है।

National Stock Exchange क्या है ?

नेशनल स्टॉक एक्सचेंज मुंबई में स्थित है, यह भारत का सबसे बड़ा स्टॉक एक्सचेंज है। यह 1992 से अस्तित्व में आया और यहीं से इलेक्ट्रोनिक एक्सचेंज सिस्टम की शुरुआत हुई और पेपर सिस्टम खत्म हुआ।

एनएसई ने 1996 से निफ्टी की शुरुआत की, जो टॉप 50 स्टॉक इंडेक्स दे रहा था और यह तेजी से भारतीय पूंजी बाज़ार की रीड बना। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज को 1992 को कंपनी के रूप में पहचान मिली और 1992 में इसे सिक्योरिटीज कॉन्ट्रैक्ट्स एक्ट, 1956 के तहत कर भुगतान कंपनी के रूप में स्थापित किया गया।

National stock exchange दुनिया का 11 वां सबसे बड़ा स्टॉक एक्सचेंज है। इसका बजार पूंजीकरण (market capitalization) अप्रैल 2018 तक 2.27 ट्रिलियन अमेरिकी डॉलर तक पहुच गया था ।

BSE यानि BOMBAY STOCK EXCHANGE क्या है ? :

बीएसई की स्थापना 1875 में हुई, इसे नेटिव शेयर और स्टॉक ब्रोकर एसोसिएशन’ के नाम से जाना जाता था। इसके बाद, 1957 के बाद भारत सरकार ने सिक्योरिटीज कॉन्ट्रैक्ट रेगुलेशन एक्ट, 1956 के तहत इसे भारत के प्रमुख स्टॉक एक्सचेंज के रूप में मान्यता दे दी।

सेन्सेक्स की शुरुआत 1986 में हुई, यह भारत का पहला इक्विटी इंडेक्स है जो कि टॉप 30 एक्सचेंज ट्रेडिंग कंपनियों को एक पहचान दे रहा था। सेंसेक्स का आधार वर्ष बीएसई और एनएसई क्या हैं? 1978-79 है

1995 में, बीएसई की ऑनलाइन ट्रेडिंग शुरू हुई, उस समय इसकी क्षमता एक दिन में 8 मिलियन ट्रांजेक्शन थी।

बीएसई एशिया का पहला स्टॉक एक्सचेंज है, और यह मार्केट डेटा सर्विस, रिस्क मैनेजमेंट, सीडीएसएल (सेंट्रल डिपॉजिटरी सर्विसेज लिमिटेड), डिपॉजिटरी सर्विसेज आदि सेवाएँ प्रदान करता है। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज दुनिया का 12वा बड़ा स्टॉक एक्सचेंज है, आउर जुलाई 2017 को इसका बाजार पूंजीकरण 2 ट्रिलियन डॉलर से ज़्यादा था।

बीएसई और एनएसई में मुख्य अंतर :

  • बीएसई और एनएसई दोनों भारत के बड़े शेयर बाज़ार हैं।
  • बीएसई पुराना और एनएसई नया है।
  • टॉप स्टॉक एक्सचेंज में बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का 10वां स्थान है वहीं एनएसई का 11वां।
  • इलेक्ट्रॉनिक एक्चेंज सिस्टम पहली बार एनएसई में 1992 में और बीएसई में 1995 में शुरू किया गया।
  • कितने शेयरों को शामिल किया जाता है : एनएसई का निफ्टी इंडेक्स 50 स्टॉक इंडेक्स दिखाता है वहीं बीएसई का सेन्सेक्स 30 स्टॉक एक्सचेंज दिखाता है।
  • बीएसई को 1957 में स्टॉक एक्सचेंज के रूप में पहचान मिली वहीं एनएसई को 1993 में पहचान मिली।

BSE और NSE के स्‍थापना को लेकर अंतर :

  1. एनएसई भारत का सबसे बड़ा एक्सचेंज है, बीएसई सबसे पुराना है।
  2. बीएसई 1875 में स्थापित हुआ, जब कि एनएसई 1992 में।
  3. एनएसई का बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी है, जब कि बीएसई का सेन्सेक्स है। एनएसई में 1696 और बीएसई में 5749 कंपनियाँ सूचीबद्ध हैं।
  4. इनकी ग्लोबल रैंक 11 और 10 है।

निष्कर्ष : नेशनल स्टॉक एक्सचेंज और बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज दोनों भारतीय पूंजी बाजार का एक महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। रोज लाखों ब्रोकर और निवेशक इन स्टॉक एक्सचेंजों में ट्रेडिंग करते हैं। ये दोनों महाराष्ट्र के मुंबई में स्थापित हैं और सेबी (भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड) से मान्यता प्राप्त हैं।

आपके सुझाव आमंत्रित है। इस आर्टिकल से संबंधित किसी भी प्रकार का संशोधन, आप हमारे साथ साझा कर सकते हैं। यह लेख आपको कैसा लगा अपनी राय निचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अवश्य लिखें ।

बीएसई (BSE), एनएसई (NSE) क्या है

जब कभी हम शेयर मार्केट की बात करते है, तो उसमें एनएसई और बीएसई का नाम अवश्य शामिल होता है, क्योंकि भारत का शेयर बाजार एनएसई और बीएसई के ऊपर निर्भर करता है | यदि हम एनएसई और बीएसई की बात करे, तो यह दोनों ही भारत के सबसे बड़े स्टॉक एक्सचेंज है |

एनएसई और बीएसई यह दोनों एक दूसरे से काफी अलग है, परन्तु इनमें कुछ समानताएं भी हैं | हमारे देश की तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था में इन दोनों स्टॉक एक्सचेंज की अहम् भूमिका है | बीएसई (BSE), एनएसई (NSE) क्या है, फुल फॉर्म और NSE और BSE अंतर के बारें में आपको यहाँ पूरी जानकरी विधिवत रूप से दे रहे है |

बीएसई और एनएसई का फुल फार्म (BSE & NSE Full form)

Table of Contents

बीएसई (BSE) का फुल फार्म “बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज’ (Bombay Stock Exchange)” है | यह भारत का ही नहीं बल्कि एशिया का सबसे पुराना स्टॉक एक्सचेंज है | एनएसई (NSE) का फुल फार्म नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (National Stock Exchange) है | भारत में एनएसई की स्थापना वर्ष 1992 में इलेक्ट्रॉनिक एक्सचेंज सिस्टम के रूप में हुई थी |

BSE Full Form In EnglishBombay Stock Exchange
NSE Full Form In EnglishNational Stock Exchange

बीएसई क्या है (What Is BSE)

बीएसई (BSE) की स्थापना वर्ष 1857 में प्रेमचंद रॉयचंद ने देशी शेयर और स्टॉक ब्रोकर्स एसोसिएशन के रूप में की थी और अब इसका प्रबंधन सेठूरामन रवि द्वारा किया जा रहा है। वर्ष 1957 के बाद भारत सरकार नें सिक्योरिटीज कॉन्ट्रैक्ट रेगुलेशन एक्ट, 1956 के अंतर्गत इसे भारत के प्रमुख स्टॉक एक्सचेंज के रूप में मान्यता प्रदान की थी।

वर्ष 1995 में बीएसई की ऑनलाइन ट्रेडिंग शुरू हुई, उस समय इसकी क्षमता एक दिन में 8 मिलियन ट्रांजेक्शन थी। ‘बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज को एशिया के पहले स्टॉक एक्सचेंज’ के रूप में जाना जाता है और यह सेंट्रल डिपॉजिटरी सर्विसेज लिमिटेड (CDSL), मार्केट डेटा सर्विस, डिपॉजिटरी सर्विसेज और रिस्क मैनेजमेंट आदि सेवाएँ प्रदान करता है। बीएसई दुनिया का 12वा बड़ा स्टॉक एक्सचेंज मार्केटप्लेस है है, और जुलाई 2017 तक, इसका मार्केट कैपिटलाइज़ेशन 2 बिलियन डालर से अधिक है |

एनएसई क्या है (What Is NSE)

एनएसई (NSE) अर्थात नेशनल स्टॉक एक्सचेंज की स्थापना वर्ष 1992 में हुई थी और इसका मुख्यालय मुंबई में स्थित है | एनएसई को वर्ष 1992 में सिक्योरिटीज कॉन्ट्रैक्ट्स एक्ट 1956 के तहत कर भुगतान कंपनी के रूप में स्थापित किया गया था, परन्तु इसका संचालन 1994 में शुरू हुआ था | एनएसई भारत में व्यापार के लिए स्क्रीन-आधारित प्रणाली की पेशकश करने वाला पहला स्टॉक एक्सचेंज था।

शुरूआत में एनएसई को भारतीय बाजार प्रणाली में पारदर्शिता के लिए एक उद्देश्य के साथ स्थापित किया गया था, और अपने लक्ष्य को प्राप्त करनें में सफलता प्राप्त की है। एनएसई सरकार की सहायता से सफलतापूर्वक ट्रेडिंग जैसी सेवाएं प्रदान करता है, जिसमें क्लीयरिंग के साथ-साथ ऋण और इक्विटी में समझौता और घरेलू और अंतर्राष्ट्रीय निवेशक शामिल हैं।

वर्तमान में इस एक्सचेंज में लगभग 1700 कंपनियां सूचीबद्ध हैं, जिनमें से लगभग 1370 सक्रिय हैं। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज 10वां सबसे बड़ा स्टॉक एक्सचेंज मार्केटप्लेस है, और मार्च 2017 तक इसका मार्केट कैपिटलाइजेशन 1.41 ट्रिलियन डालर बीएसई और एनएसई क्या हैं? से अधिक हो गया था |

बीएसई और एनएसई में अंतर (Difference Between BSE & NSE)

बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज दोनों इंडियन कैपिटल मार्केट का एक महत्वपूर्ण हिस्सा हैं, जिसमें प्रतिदिन हजारों ब्रोकर और निवेशक इन स्टॉक एक्सचेंजों पर व्यापार करते हैं और दोनों मुंबई, महाराष्ट्र, और सेबी (भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड) में स्थापित हैं। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) में मुख्य अंतर इस प्रकार है-

बीएसई और एनएसई में क्या अंतर है? जाने बीएसई और एनएसई में फर्क के बारे में?

बीएसई और एनएसई में क्या अंतर है (BSE or NSE Me Kya Antar Hai), बीएसई और एनएसई में क्या फर्क है (BSE or NSE Me Kya Fark Hai), भारत में 2 शेयर बाजार हैं-बीएसई यानी बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज और एनएसई यानी नेशनल स्टॉक एक्सचेंज। दोनों ही शेयर और बांड्स सिक्योरिटी से जुड़े हुए हैं। लेकिन इनमें कुछ अंतर भी है।

बीएसई और एनएसई में क्या अंतर है (BSE or NSE Me Kya Antar Hai)?

बीएसई और एनएसई में क्या अंतर है

BSE or NSE Me Kya Antar Hai

बीएसई (BSE)

बीएसई को नेटिव शेयर और स्टॉक ब्रोकर एसोसिएशन के नाम से भी जाना जाता था इसकी स्थापना 1875 में हुई थी। बाद में 1956 सिक्योरिटी कॉन्ट्रैक्ट रेगुलेशन एक्ट के तहत भारत भारत सरकार ने साल 1957 में इसे भारत प्रमुख स्टॉक एक्सचेंज के रूप में मान्यता दी।

यह भारत का प्रथम इक्विटी इंडेक्स है जो टॉप 30 एक्सचेंज ट्रेडिंग कंपनियों को पहचान देता है साल 1995 से बीएसई ने ऑनलाइन ट्रेडिंग शुरू कर दी उस समय इसकी क्षमता 1 दिन में लगभग 8 बीएसई और एनएसई क्या हैं? मिलियन ट्रांजैक्शन थी।

बीएसई-एशिया का पहला स्टॉक एक्सचेंज

एशिया का पहला स्टॉक एक्सचेंज बीएसई है और इसका कार्य मार्केट डाटा सर्विस, सी डी एस एल यानी (सेंट्रल डिपॉजिटरी सर्विसेज लिमिटेड) डिपॉजिटरी सर्विस, रिस्क मैनेजमेंट जैसी अन्य सेवाएं प्रदान कराना है। दुनिया के स्टॉक एक्सचेंज में बंबई स्टॉक एक्सचेंज का स्थान बारवा है साल 2017 जुलाई से इसका पूंजीकरण 2 ट्रिलियन डॉलर से ज़्यादा हो गया था।

एनएसई (NSE)

भारत का सबसे बड़ा स्टॉक एक्सचेंज एनएसई है और यह मुंबई में स्थित है इसकी शुरुआत साल 1992 से हुई और तभी से पेपर सिस्टम खत्म होकर इलेक्ट्रॉनिक एक्सचेंज सिस्टम की शुरुआत हुई। एनएसई ने निफ्टी की शुरूआत 1996 से की। यह टॉप फिफ्टी स्टॉक इंडेक्स देता था। जिसके बाद इसने तेजी से भारतीय पूंजी बाजार को मजबूत बनाया।

बीएसई और एनएसई में अंतर

  • बीएसई पुराना शेयर बाजार है और एनएसई नया शेयर बाजार है। लेकिन दोनों ही भारत के बड़े शेर बाजार हैं ।
  • टॉप स्टॉक एक्सचेंज के अंतर्गत बीएसई का स्थान दसवां है और एनएसई का स्थान 11 है।
  • एनएसई ने इलेक्ट्रॉनिक एक्सचेंज सिस्टम पहली बार 1992 में शुरू किया था जबकि बीएसई ने 1995 में शुरू किया था।
  • बीएसई का सेंसेक्स प्लीज स्टॉक एक्सचेंज है जबकि एनएसई का निफ्टी इंडेक्स 50 टॉक दिखता है।
  • एनएसई को 1993 में स्टॉक एक्सचेंज के रूप में पहचान मिली जबकि बीएसई को 1957 में स्टॉक एक्सचेंज की पहचान मिली।
  • बीएसई भारत का सबसे पुराना स्टॉक एक्सचेंज है और एनएससी भारत का सबसे बड़ा स्टॉक एक्सचेंज है।
  • बीएसई की स्थापना 1875 में हुई थी और एनएसई की स्थापना 1992 में हुई थी।
  • बीएसई का बेंचमार्क सेंसेक्स है और एनएसई का बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी है।
  • बीएसई का ग्लोबल रैंक 10 वा और एनएसई का 11 है।

यह भी पढ़े –

Follow us on Google News:

मैं सविता मीडिया क्षेत्र में मैं तीन साल से जुड़ी हुई हूं और मुझे शुरू से ही लिखना बहुत पसन्द है। मैं जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएट हूं। मैं candefine.com की कंटेंट राइटर हूँ मैं अपने अनुभव और प्राप्त जानकारी से सामान्य ज्ञान, शिक्षा, मोटिवेशनल कहानी, क्रिकेट, खेल, करंट अफेयर्स के बारे मैं जानकारी प्रदान करना मेरा उद्देश्य है।

You May Also Like

ईशान किशन का जीवन परिचय

ईशान किशन का जीवन परिचय | Ishan Kishan Biography in Hindi

CSD-Ka-Full-Form-Kya-Hai.2

CSD का Full Form क्या है? CSD का पूरा नाम क्या है इन हिंदी?

कोलाइटिस क्या है

कोलाइटिस क्या है, कारण, लक्षण, आहार, औषधीय और योग चिकित्सा

Leave a Reply

Recent Posts

चॉकलेट-खाने-के-फायदे

चॉकलेट खाने के फायदे क्या है, जाने प्रेगनेंसी में चॉकलेट खाने के फायदे

क्या आप जानते है शरीर पर चॉकलेट खाने के फायदे क्या है, कई लोगों का शौक होता है चॉकलेट खाना

रेटिंग: 4.13
अधिकतम अंक: 5
न्यूनतम अंक: 1
मतदाताओं की संख्या: 259