इससे पहले, जब निवेशक स्टॉक खरीदना और बेचना चाहते थे, तो उन्हे प्रत्यक्ष रूप से रसीदों/ प्रमाणपत्रों का आदान-प्रदान करके निवेश प्रक्रिया फिज़िकली करनी पडती थी। डिपॉजिटरी एक्ट 1996 ने डीमैटरियलाइजेशन या डीमैट की शुरुआत की, जिसके तहत इन भौतिक प्रमाणपत्रों को इलेक्ट्रॉनिक रूप से स्टोर्ड की जानेवाले असेट्स में बदल दिया गया। इस प्रक्रिया की वजह से डीमैट खाते के साथ स्टॉक में निवेश कैसे करें? शेयर मार्केट्स में शामिल जोखिम ना के बराबर हो गायी हैंं।

शेयर बाजार में निवेश करने के लिए क्या करना होता है? 8 बुनियादी सवालों के जवाब

शेयर बाजार में निवेश के लिए डीमैट अकाउंट है जरूरी, कैसे खोलें और किन डॉक्यूमेंट की पड़ेगी जरूरत, जानें यहां

By: ABP Live | Updated at : 24 Feb 2022 08:29 AM (IST)

Edited By: Meenakshi

डीमैट खाता कैसे खुलवाएंः अगर आप भी शेयर बाजार में निवेश करना चाहते हैं लेकिन इसकी बेसिक जानकारी नहीं है तो सबसे पहले डीमैट खाते के बारे में जानने की जरूरत है. SEBI का आदेश है कि सभी तरह के शेयर ट्रेडिंग के लिए फिजिकल या ऑनलाइन मोड से डीमैट खाता खुलवाना जरूरी है. शेयर बाजार में पैसा लगाने के लिए जिस डीमैट अकाउंट की जरूरत है, उसे कैसे खोला जा सकता है उसके बारे में हम यहां जानकारी दे रहे हैं.

Demat अकाउंट कैसे खोला जा सकता है
यहां हम ऑनलाइन तरीके से डीमैट अकाउंट खोलने की प्रक्रिया के बारे में बता रहे हैं जिसको 18 साल से ऊपर की उम्र का कोई भी शख्स खोल सकता है. डिजिटल तरीके से
डीमैट या ट्रेडिंग अकाउंट खोलने के लिए पहले फैसला कर लें कि आप किस कंपनी या ब्रोकरेज फर्म के जरिए ये खाता खोलना चाहते हैं.

डीमैट खाता मतलब

demat account kaise khole

ये जानने से पहले की डीमैट अकाउंट कैसे खोलें, आइये जानते हैंं की डीमैट खाता क्या होता हैंं| डीमैट अकाउंट आपके द्वारा खरीदे गए सभी शेयरों को स्टोर करता हैं। डीमैट खाता न केवल स्टॉक बल्कि अन्य निवेश एसेट्स जैसे म्यूचुअल फंड, बॉन्ड, ईटीएफ आदि को संग्रहीत करता हैं। अनिवार्य रूप से तीन प्रकार के डीमैट खाते होते हैंं –

  1. रेगुलर डीमैट अकाउंट
  2. एनआरआई (NRI) डीमैट अकाउंट (रीपैटरीएबल)
  3. एनआरआई (NRI) डीमैट अकाउंट (नॉन-रीपैटरीएबल)

डीमैट खाता खोलने की प्रक्रिया क्या हैं?

डीमैट खाता ऑनलाइन खोलने के लिए आवश्यक प्रक्रिया और अत्यावश्यक दस्तावेज नीचे दिए गए हैंं –

डीमैट खाता ऑनलाइन कैसे खोलें?

डीमैट खाता ऑनलाइन खोलना पूरी तरह से सुरक्षित हैं क्योंकि यह सेबी द्वारा अनिवार्य सुरक्षा उपायों के अनुरूप हैं। डीमैट खाता खोलने की पूरी प्रक्रिया इस प्रकार हैंं –

  1. आपको डिपॉजिटरी पार्टिसिपेंट को चुनना होगा।
  2. ऑनलाइन फॉर्म भरें|
  3. आपके मूल विवरण, पता विवरण, आर्थिक विवरण और बैंक विवरण की जानकारी भरे।
  4. आपके पास नॉमिनी जोड़ने का विकल्प भी हैं।
  5. इसके बाद आपको निचे बताए गए आवश्यक दस्तावेजों को अपलोड करना होगा।
  6. डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन को पूरा करें|
  7. ई-साइन चुनें, जो आपकी खाता खोलने की प्रक्रिया को गति देता हैं।
  8. यदि आप का केवाईसी वेरिफाईड हैंं और आपने ई-साइन का विकल्प चुना हैं तो आपका पंजीकरण सफलतापूर्वक पूरा करने के लगभग 4 घंटे के भीतर आपको एक ट्रेडिंग कोड/क्लाइंट आईडी मिल जानी चाहिए।
  9. अंत में, आपको डीपी को पॉवर ऑफ़ अटॉर्नी की हस्ताक्षरित प्रति को कुरियर करना होगा, जो पंजीकरण पूरा डीमैट खाते के साथ स्टॉक में निवेश कैसे करें? करने के समय आपके पंजीकृत ईमेल आईडी पर आपको मेल कर दी जाएगी।

डीमैट खाता खोलने के लिए अत्यावश्यक दस्तावेज

सेबी द्वारा डीमैट खाता खोलने के लिए पैन कार्ड अनिवार्य कर दिया गया हैं।

आधार कार्ड पहचान और पते दोनों के प्रमाण के रूप में कार्य करता हैं।

बैंक खाता होने के प्रमाण के रूप में आवश्यक। ये बैंक अकाउंट आपके डीमैट खाते से जोड़ा जाता हैंं|

अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी) अनुपालन के लिए वैध पासपोर्ट फोटोग्राफ होना अनिवार्य हैंं।

डेरिवेटिव और कमोडिटी में व्यापार करने के लिए आवश्यक निम्नलिखित दस्तावेजों का उपयोग आय प्रमाण के रूप में किया जा सकता हैं –

  • अंतिम 6 महीने का बैंक स्टेटमेंट
  • लेटेस्ट आईटीआर स्टेटमेंट
  • लेटेस्ट वेतन विवरण
  • डीपी होल्डिंग स्टेटमेंट

निष्कर्ष

शेयर बाजार में निवेश करने और अन्य निवेश साधनों की तुलना में बेहतर मुनाफा कमाने की आपकी तलाश में ऑनलाइन डीमैट खाता खोलने का तरीका सबसे महत्वपूर्ण हैं। किसी भी नामांकित ब्रोकर के साथ, ऑनलाइन डीमैट खाता खोलना अत्यंत आसान और सुविधाजनक हैं।

ऊपर बतायी गयी प्रक्रिया और विवरणों को ध्यान में रखते हुए, आप भी पूरी तरह से परेशानी मुक्त तरीके से डीमैट खाता खोल सकते हैंं। यदि आप इक्विटी में निवेश करना चाहते हैंं और लंबी अवधि के लिए निवेश करके कम्पाउंडिंग से लाभ प्राप्त करना चाहते हैंं, तो आगे बढ़ें और अभी अपना डीमैट खाता खोलें।

अगर आपको डीमैट अकाउंट कैसे खोले की जानकारी अच्छी लगी हो तो इस आर्टिकल को सोशल मीडिया नेटवर्क्स पर जरूर शेयर करें और अगर आपके कोई सवाल हैं तो आप कमेंट बॉक्स के माध्यम से बता सकते हैं।

एक डीमैट अकाउंट से दूसरे में कैसे ट्रांसफर करें शेयर?

कई डीमैट खाते होने के क्‍या हैं नुकसान?

समय गुजरने के साथ निवेशक अक्‍सर कई डीमैट खाते खुलवा लेते हैं. इससे इन अकाउंटों पर अलग-अलग नजर रखना मुश्किल डीमैट खाते के साथ स्टॉक में निवेश कैसे करें? हो जाता है. एक डीमैट खाते में सभी शेयरहोल्डिंग को लाने से निवेशकों को अपने सभी शेयरों को एक साथ देखने में मदद मिलती है. यह ऐसे निवेश से रिटर्न की पूरी तस्‍वीर भी एक जगह दिखाता है. क्‍या आपको डीमैट खाते के साथ स्टॉक में निवेश कैसे करें? पता है कि एक डीमैट अकाउंट से दूसरे में शेयरों को ट्रांसफर किया जा सकता है? यह बेहद आसान है. हम यहां इसके बारे में बता रहे हैं.

​क्‍या है ऑफलाइन प्रक्रिया?

​क्‍या है ऑफलाइन प्रक्रिया?

एनएसडीएल या सीडीएसएल जैसे डिपॉजिटरीज के साथ शेयरों के मामले में ऑफ-मार्केट ट्रांसफर के जरिये शेयरों के ट्रांसफर की ऑफलाइन प्रक्रिया संभव है. इसके लिए आपको डिलीवरी इंस्‍ट्रक्‍शन स्लिप यानी डीआईएस भरने की जरूरत होगी. इस फॉर्म में ट्रांसफर किए जाने वाले शेयरों का आईएसआईएन नंबर, कंपनी का नाम और जहां इन्‍हें ट्रांसफर किया रहा है वह डीमैट अकाउंट और उसका डीपी आईडी दर्ज करना होगा. फिर इस फॉर्म को पुराने वाले ब्रोकर के ऑफिस में आगे की प्रोसेसिंग के लिए जमा करना पड़ेगा.

​क्‍या है ऑनलाइन प्रक्रिया?

​क्‍या है ऑनलाइन प्रक्रिया?

अगर शेयर सीडीएसएल के साथ हैं तो शेयरों को ट्रांसफर करने के लिए ऑनलाइन फैसिलिटी है. इसका नाम है 'डीमैट खाते के साथ स्टॉक में निवेश कैसे करें? इजीएस्‍ट' प्‍लेटफॉर्म. इसके लिए आपको https://web.cdslindia.com/myeasi/Home/Login लिंक का इस्‍तेमाल करके रजिस्‍टर कराना होगा. जिस डीमैट खाते में शेयरों को ट्रांसफर करना है, उसे जोड़ना होगा. एक बार अकाउंट के सफलतापूर्वक जुड़ जाने पर 24 घंटे बाद आप पुराने डीमैट अकाउंट से नए में प्रतिभूतियां ट्रांसफर कर सकते हैं.

​किन बातों का ध्‍यान रखें?

​किन बातों का ध्‍यान रखें?

-शेयरों के ट्रांसफर से ओनरशिप में बदलाव नहीं होता है. न ही ट्रांसफर पर कैपिटल गेंस का मामला बनता है.

- ट्रांसफर रिक्‍वेस्‍ट को प्रोसेस करने के लिए ब्रोकर फीस चार्ज कर सकता है. हालांकि, पुराना अकाउंट बंद होने पर शायद कोई फीस नहीं ली जाए.

Web Title : procedures to move shares between demat accounts
Hindi News from Economic Times, TIL Network

एक डीमैट अकाउंट से दूसरे में कैसे ट्रांसफर करें शेयर?

कई डीमैट खाते होने के क्‍या हैं नुकसान?

समय गुजरने के साथ निवेशक अक्‍सर कई डीमैट खाते खुलवा लेते हैं. इससे इन अकाउंटों पर अलग-अलग नजर रखना मुश्किल हो जाता है. एक डीमैट खाते में सभी शेयरहोल्डिंग को लाने से निवेशकों को अपने सभी शेयरों को एक साथ देखने में मदद मिलती है. यह ऐसे निवेश से रिटर्न की पूरी तस्‍वीर भी एक जगह दिखाता है. क्‍या आपको पता है कि एक डीमैट अकाउंट से दूसरे में शेयरों को ट्रांसफर किया जा सकता है? यह बेहद आसान है. हम यहां इसके बारे में बता रहे हैं.

​क्‍या है ऑफलाइन प्रक्रिया?

​क्‍या है ऑफलाइन प्रक्रिया?

एनएसडीएल या सीडीएसएल जैसे डिपॉजिटरीज के साथ शेयरों के मामले में ऑफ-मार्केट ट्रांसफर के जरिये शेयरों के ट्रांसफर की ऑफलाइन प्रक्रिया संभव है. इसके लिए आपको डिलीवरी इंस्‍ट्रक्‍शन स्लिप यानी डीआईएस भरने की जरूरत होगी. इस फॉर्म में ट्रांसफर किए जाने वाले शेयरों का आईएसआईएन नंबर, कंपनी का नाम और जहां इन्‍हें ट्रांसफर किया रहा है वह डीमैट अकाउंट और उसका डीपी आईडी दर्ज करना होगा. फिर इस फॉर्म को पुराने वाले ब्रोकर के ऑफिस में आगे की डीमैट खाते के साथ स्टॉक में निवेश कैसे करें? प्रोसेसिंग के लिए जमा करना पड़ेगा.

​क्‍या है ऑनलाइन प्रक्रिया?

​क्‍या है ऑनलाइन प्रक्रिया?

अगर शेयर सीडीएसएल के साथ हैं तो शेयरों को ट्रांसफर करने के लिए ऑनलाइन फैसिलिटी है. इसका नाम है 'इजीएस्‍ट' प्‍लेटफॉर्म. इसके लिए आपको https://web.cdslindia.com/myeasi/Home/Login लिंक का इस्‍तेमाल करके रजिस्‍टर कराना होगा. जिस डीमैट खाते में शेयरों को ट्रांसफर करना है, उसे जोड़ना होगा. एक बार अकाउंट के सफलतापूर्वक जुड़ जाने पर 24 घंटे बाद आप पुराने डीमैट अकाउंट से नए में प्रतिभूतियां ट्रांसफर कर सकते हैं.

​किन बातों का ध्‍यान रखें?

​किन बातों का ध्‍यान रखें?

-शेयरों के ट्रांसफर से ओनरशिप में बदलाव नहीं होता है. न ही ट्रांसफर पर कैपिटल गेंस का मामला बनता है.

- ट्रांसफर रिक्‍वेस्‍ट को प्रोसेस करने के लिए ब्रोकर फीस चार्ज कर सकता है. हालांकि, पुराना अकाउंट बंद होने पर शायद कोई फीस नहीं ली जाए.

Web Title : procedures to move shares between demat accounts
Hindi News from Economic Times, TIL Network

शेयर खरीदने के लिए क्या करना होगा?

शेयर बाजार में पांव रखने से पहले आपको चाहिए डिमैट अकाउंट. जैसे बैंक में बचत, एफडी में निवेश के लिए बैंक अकाउंट चाहिए वैसे ही शेयर मार्केट में निवेश के लिए डिमैट अकाउंट होना जरूरी है. डीमैट के जरिए ही शेयर्स को खरीदा-बेचा जाता डीमैट खाते के साथ स्टॉक में निवेश कैसे करें? है, होल्ड किया जाता है. यह एक तरह से शेयर्स का डिजिटल अकाउंट है.

डीमैट अकाउंट मतलब- डीमटेरियलाइज्ड यानी किसी भी फिजिकल चीज का डिजिटलाइज होना. डिमैट अकाउंट आप चंद सैकेंड में खोल सकते हैं. आधार कार्ड, पैन कार्ड जैसी केवाईसी डॉक्यूमेंट लगती हैं. इसके लिए ब्रोकर की जरूरत होती है. अब ब्रोकर कोई व्यक्ति भी हो सकता है और कंपनी भी. ब्रोकर की वेबसाइट या एप पर जाकर डिमैट अकाउंट आसानी से खोला जा सकता है. अगर आप नेटबैंकिंग करते हैं तो आपके बैंक की वेबसाइट या एप पर भी डिमैट अकाउंट खोल सकते हैं. आमतौर पर इसकी लिए कोई फीस नहीं देनी होती लेकिन यह कंपनी पर निर्भर करता है कि वे डिमैट के लिए कितना वसूलना चाहते हैं.

किस कंपनी का शेयर खरीदें?

जवाब है किसी अच्छी कंपनी है, क्योंकि अच्छी कंपनी के शेयर्स अच्छा डीमैट खाते के साथ स्टॉक में निवेश कैसे करें? रिटर्न देते हैं. अच्छी कंपनी मतलब जिसका प्रॉफिट, प्रोडक्ट, भविष्य अच्छा हो. शेयर मार्केट की भाषा में इसे कंपनी के फंडामेंटल्स यानी बुनियादी बातें कहते हैं, कंपनी के फंडामेंटल्स अच्छे हैं तो कंपनी का भविष्य अच्छा माना जाता है. इसके लिए आपको कंपनी की सालाना बैलेंस शीट पर नजर रखनी होती है. यानी कंपनी कितना कमा रही है, कितना कर्ज है, कितना मुनाफा हो रहा है? कंपनी के शेयर्स ने पहले कैसा प्रदर्शन किया है. ये सब देखना होता है. कई बार खबरें भी कंपनी के शेयर्स को प्रभावित करती हैं. जैसे कि जब दुनिया के सबसे अमीर आदमी ईलॉन मस्क ने ट्विटर को खरीदने का ऐलान किया तो निवेशकों में ट्विटर के शेयर्स को खरीदने की होड़ लग गई. लेकिन निवेशक केवल कंपनी के फंडामेंटल्स पर ध्यान दें तो भी काम बन सकता है. सबसे पहले ऐसे शेयर में निवेश करें जो सुरक्षित हैं. यानी उन बड़ी कंपनियों के शेयर्स खरीदें जो दशकों पुरानी हैं, प्रॉफिट में रहती डीमैट खाते के साथ स्टॉक में निवेश कैसे करें? है और आगे भी रहेंगी. इससे आप नुकसान में नहीं रहेंगे. जब इसमें निवेश कर लें तो शेयर्स को स्टडी करना सीखें, कंपनी की बैलेंस शीट पढ़ना सीखें.

ट्रेडिंग या निवेश?

एक्सपर्ट कहते हैं कि 5 साल, 10 डीमैट खाते के साथ स्टॉक में निवेश कैसे करें? साल या उससे भी ज्यादा समय के लिए निवेश करने वाले फायदे में रहते हैं. यानी लॉन्ग टर्म इंवेस्टमेंट. अब शेयर बाजार को गहनता से समझने वाले और रिस्क उठा सकने वाले ही शॉर्ट टर्म या हर रोज शेयर बाजार में निवेश कर सकते हैं. कितना और कितने समय के लिए निवेश? अब सबसे पहले आप ये तय करें कि निवेश कितना करना है और कितने समय के लिए. फिर तय करें कि आप निवेश करना क्यों चाहते हैं यानी कि आपका उद्देश्य क्या है. जैसे, शिक्षा, शादी या घर खरीदने जैसे गोल्स. इसी अनुसार आप आगे बढ़ते हैं और तभी आप फैसला ले पाएंगे कि आपको किस शेयर में निवेश करना है. शेयर मार्केट में शुरुआत धीमी रखें.

अगर आपके पास इन सब के लिए समय नहीं है या समझ नहीं है तो ऐसी स्थिति में आप किसी फाइनेंशियल एक्सपर्ट से ही सलाह लें, एक्सपर्ट को बताएं कि आप कितना खर्च करना चाहते हैं और कितने समय के लिए. आपका निवेश का उद्दश्य क्या है और आप निवेश से कितने रिटर्न की अपेक्षा रखते हैं. एक उपाय म्यूचुअल फंड भी हैं. जिसमें कुछ एक्सपर्ट आपके जैसे कई निवशकों के पैसे को कहां लगाना है ये तय करते हैं.

रेटिंग: 4.52
अधिकतम अंक: 5
न्यूनतम अंक: 1
मतदाताओं की संख्या: 844