भारत डाक बचत खाता (डाकघर बचत खाता)
डाकघर में पैसे जमा करने के लिए एक पोस्ट ऑफिस सेविंग अकाउंट खोला जा सकता है. आप 20 रुपये देकर खाता खोल सकते हैं. हालांकि आपको इसमें न्यूनतम 50 रुपये बैलेंस हमेशा बरकरार रखना होगा. इसमें आपको चेक सुविधा नहीं मिलेगी. भारतीय डाक की वेबसाइट के मुताबिक, चेक सुविधा पाने के लिए आपको अकाउंट खोलने के लिए 500 रुपये देने होंगे और न्यूनतम बैलेंस भी 500 चालू खाते के प्रकार क्या हैं? रुपये बरकरार रखना होगा

current bank account ke fayde

चालू खाते के फायदे एवं नुकसान | Advantages and Disadvantages of Current Bank Account.

Current Bank Account की आवश्यकता आम तौर पर आम लोगों को न होकर केवल बिज़नेस करने वाले लोगों को होती है | कहने का अभिप्राय यह है की किसी भी व्यक्ति या इकाई द्वारा बैंक में चालू खाता उसकी बिज़नेस की आवश्यकता को ध्यान में रखकर खोला जाता है | आम तौर पर Current Bank Account कंपनियों, फर्मों, चालू खाते के प्रकार क्या हैं? सार्वजनिक इकाइयों, ऐसे बिजनेसमैन जिन्हें दिन में कई बार खाते से लेन देन की आवश्यकता होती है के बीच काफी प्रसिद्ध है |

चालू खाते की खूबी यह होती है की इसमें एक दिन में कितनी बार भी लेन देन किये जा सकते हैं यही कारण है की Current Bank Account में जमा धनराशि पर कोई भी बैंक चालू खाते के प्रकार क्या हैं? या वित्तीय संस्थान किसी प्रकार का कोई ब्याज नहीं देता है | चालू खाताधारक अपने खाते में पैसे जमा, निकासी एवं अन्य लेन देन भी आसानी से कर सकता है इसलिए ऐसे खातों को डिमांड डिपाजिट अकाउंट भी कहा जाता है | जहाँ तक एक चालू खाता खोलने का सवाल है लगभग सभी प्रकार के निजी एवं सार्वजनिक व्यवसायिक बैंक में यह खोला जा सकता है |

चालू खाता होने के फायदे (Advantages of Current Bank Account):

एक चालू खाता अर्थात Current Bank Account होने के अनेकों फायदे हो सकते हैं लेकिन इनमें से कुछ फायदों की लिस्ट निम्नवत दी गई है |

  • चालू खाते बिज़नेस इकाइयों को बड़ी मात्रा में रसीदी एवं भुगतान की एक बड़ी मात्रा को व्यवस्थित रूप से सँभालने की इजाजत देते हैं |
  • ऐसे खातों में लगाये जाने वाले नकदी शुल्क के साथ नियमित तौर पर असीमित पैसे निकासी की अनुमति होती है |
  • बैंक की गृह शाखा जहाँ चालू खाता अर्थात Current Bank Account खोला गया हो में पैसे जमा कराने पर किसी प्रकार का कोई प्रतिबंध नहीं है | मतलब की गृह शाखा में उद्यमी कितने भी और कितनी बार भी पैसे जमा चालू खाते के प्रकार क्या हैं? करा सकता है | लेकिन इसके अलावा उसी बैंक की अन्य शाखाओं में भी थोड़ी बहुत फीस का भुगतान करके भी पैसे जमा किये जा सकते हैं |
  • Current Bank Account के माध्यम से खाताधारक अपने लेनदारों को चेक, पे आर्डर, डिमांड ड्राफ्ट प्रत्यक्ष रूप से भुगतान करने के लिए जारी कर सकता है |
  • बैंक चालू खाताधारकों को ओवरड्राफ्ट फैसिलिटी भी प्रदान करते हैं |
  • हालांकि चालू खाते की तरलता के कारण इस पर किसी प्रकार का कोई ब्याज अर्जित नहीं किया जा सकता लेकिन अकाउंट बैलेंस पर बेहद कम ब्याज की उपलब्धता इस प्रकार के खाताधारकों को इनके उपयोग के लिए और भी आकर्षक बनाता है |
  • बिज़नेस इकाइयों को Current Bank Account होने के अन्य भी अनेकों फायदे जैसे फ्री इन्वार्ड रेमिटेंस, किसी भी लोकेशन से जमा एवं निकासी, किसी भी लोकेशन को ट्रान्सफर इत्यादि मिलते हैं |
  • बिजनेसमैन बिना किसी सीमा के अपने खाते से पैसे निकाल सकता है लेकिन यदि भारत सरकार ने इस पर कोई कर लगाया होगा तो उसे यह देना पड़ेगा |
  • Current Bank Account देश की औद्योगिक प्रगति को सुविधा एवं गति प्रदान करता है क्योंकि इसके न होने पर उद्यमियों को अनेकों समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है |
  • बिज़नेस को तेज एवं सुविधाजनक लेनदेन करने के लिए बैंकों द्वारा इन्हें इन्टरनेट बैंकिंग एवं मोबाइल बैंकिंग भी प्रदान की जाती है |
  • इसके अलावा कोई भी उद्यमी अपने Current Bank Account के माध्यम से कभी भी और कहीं भी और अनेकों लोकेशन पर फण्ड निकाल एवं ट्रान्सफर कर सकता है |

चालू खाता के नुकसान (Disadvantages of Current Bank Account):

चालू खाता के नुकसान कुछ इस प्रकार से हैं |

  • Current bank Account पर ब्याज न मिलने या बेहद कम मिलने की वजह से उद्यमी ब्याज के माध्यम से कमाई करने के अवसर को गँवा देता है |
  • चालू खाते को नियमित चालू खाते के प्रकार क्या हैं? रूप से ऑपरेट करने में खाताधारक पर कुछ अतिरिक्त बोझ पड़ सकता है क्योंकि अधिकांश पैकेज अतिरिक्त सेवाओं के लिए अतिरिक्त चार्ज करते हैं |
  • इस प्रणाली में कागज़ी कार्यवाही और प्रिंट वर्क होने की वजह से यह समय खाने वाला एवं लम्बा हो जाता है |
  • कॉर्पोरेट बिज़नेस ट्रांजेक्शन की वजह से बैंकों को बड़ी फीस चालू खाते के प्रकार क्या हैं? देनी पड़ सकती है |
  • हालांकि Current bank Account में एक दिन में कितनी भी बार पैसे जमा किये जा सकते हैं लेकिन एक दिन में पैसे निकालने की सीमा इनमे तय होती है |

3 Main Types of Accounts that can be Opened in a Bank

Mostly individuals open saving accounts for depositing their surplus money so that they are able to withdraw the cash in case of need. After opening the account a cheque book is issued to the customer for withdrawing the cash money or making payments of any type. It is a Demand deposit with the bank and therefore demand liability for the bank.

A saving account can be opened in single name as well as in joint names. In case of Joint accounts a mandate is required to be given to the bank as to who shall operate the account. Mostly this account joint account is opened by Either or Survivor.

Means any of two can operate the account and on the death of any joint account holder survivor can operate it. If joint account is in name of more than two ns are required by the bank as to who whether in single or joint authority shall operate the account.

Type # 2. Current Account:

This account is opened for conducting the transactions relating to business only. There is no bar on number of withdrawals. No interest is paid in such accounts rather bank charges certain fee for keeping and maintaining such accounts. Current accounts can be opened by Individuals, Jointly, by a sole propertor firm, Partnership firm, A Limited or Public company, a trust, a society local and Government bodies. This is also a Demand deposit account.

Fixed deposits are those accounts where people deposit surplus money for a fixed period or term and is also known as Term Deposit. Since deposits in these account are held for a longer time bank utilizes this money in future चालू खाते के प्रकार क्या हैं? investments and loans and earn more profit. They also pay higher rate of interest in these accounts.

चालू खाता (Current Account)

यह बैंक अकाउंट मुख्य रूप से बड़े बड़े बिजनेसमैन, उद्योगों और कंपनियों के द्वारा खुलवाया जाता है। इस बैंक अकाउंट में जमा राशि पर कोई ब्याज नहीं मिलता है। इसके अलावा आपको इसमे वो सभी सेवाएं मिलती है जो की बचत खाते में मिलती हैं। इसके अतिरिक्त करंट अकाउंट में आपको ओवरड्राफ्ट की सुविधा भी मिलती है, जिसके जरिए आपके बैंक अकाउंट में जितने पैसे हैं, आप उससे ज्यादा पैसे भी अपने बैंक अकाउंट से निकलवा सकते हैं। यानी कि बैंक से उधार ले सकते है।

आप कितने पैसे बैंक से उधार ले सकते हैं ? यह आपके पिछले लेनदेन पर निर्भर करता है। करंट अकाउंट में मिनिमम बैलेंस की भी लिमिट होती है। जो कि ₹5000 से ₹25000 तक हो सकती है। यह सभी बैंकों के लिए अलग-अलग हो सकती है। चालू खाते के प्रकार क्या हैं? अगर आप का बैंक बैलेंस इससे कम होता है, तो आपको बैंक की तरफ से पेनल्टी दी जा सकती है।

इसके अलावा आपको बता दे कि करंट अकाउंट से लेनदेन करने की कोई भी लिमिट नहीं होती है। चालू खाते के प्रकार क्या हैं? आप जितना चाहे उतना ट्रांजैक्शन इस बैंक अकाउंट से कर सकते हैं। इसी लिए यह एकाउंट सिर्फ बड़ी बड़ी कंपनियों द्वारा खुलवाया जाता है, क्योंकि उनके daily लाखों, करोड़ो रुपये के लेनदेन होते है।

आवर्ती जमा खाता RD Account (Recurring Deposit Account)

आवर्ती जमा खाता उन लोगों के लिए होता है जो कि एक निश्चित राशि हर महीने एक निश्चित समय के लिए बैंक में जमा करवाना चाहते हैं। इस अकाउंट में आपको एक हर महीने एक निश्चित राशि इस अकाउंट में जमा करवानी पड़ती है, समय सीमा पूरी होने पर आप अपने सारे पैसे चालू खाते के प्रकार क्या हैं? ब्याज सहित निकलवा सकते हैं। उसके बाद यह बैंक अकाउंट बंद कर दिया जाता है। हालांकि आरडी अकाउंट से आप अपने पैसे समय से पहले भी निकलवा सकते हैं। लेकिन इसके लिए आप को बैंक द्वारा निर्धारित किए गए निर्देशों का पालन करना पड़ेगा, जिसमे आपको बैंक को कुछ पेंटली भी देनी पड़ सकती है।

यह अकाउंट इसलिए खुलवाया जाता है क्योंकि इसकी ब्याज दर बचत खाते से अधिक होती है। RD Account में आप कम से कम 1 साल और अधिकतम 10 साल तक पैसे जमा करवा सकते हैं।

FD Account (Fixed Deposit Account) सावधि जमा खाता

FD का नाम आपने बहुत बार सुना होगा। लेकिन शायद आपको यह पता ना हो कि यह भी एक प्रकार का बैंक अकाउंट है, यह बैंक एकाउंट तब खुलवाया जाता है जब आपको एक निश्चित राशि एक निश्चित समय के लिए जमा करवानी हो, RD एकाउंट की तरह इसमे आपको हर महीने पैसे जमा करवाने की जरूरत नही होती है। बल्कि आपको एक निश्चित राशि FD एकाउंट खुलवाते समय ही जमा करवानी होती है, जो कि आप 1 से लेकर 10 साल तक करवा सकते है। उसके बाद आप अपनी तय की गई समय सीमा पूरी होने पर FD के सारे पैसे ब्याज सहित निकलवा सकते है। अगर आप चाहे तो FD एकाउंट के पैसे समय से पहले भी निकलवा सकते है, लेकिन इसके लिए आपको बैंक को पेनल्टी देनी पड़ेगी, यानी कि कुछ पैसे बैंक आपके एकाउंट से काट लेगा।

  • Cheque Bounce होना क्या होता है ? चेक बाउंस होने पर क्या करें ?

आज के इस लेख में आपने जाना कि बैंक अकाउंट कितने प्रकार के होते हैं ? उम्मीद है कि आपको यह जानकारी पसंद आई होगी। अगर लेख अच्छा लगा हो तो इसे अपने दोस्तों के साथ भी जरूर शेयर करें। इसके अलावा अगर आपको कोई सवाल या सुझाव हो तो आप नीचे कमेंट करके बता सकते हैं।

Post Office में खोल सकते हैं 5 तरह के बचत और चालू खाते, शर्तें बेहद आसान

Post Office: भारतीय डाक पेमेंट बैंक बचत और चालू खाते, धन हस्तांतरण और प्रत्यक्ष लाभ अंतरण सेवाओं के साथ-साथ बिल/उपयोगिता भुगतान सेवा प्रदान करता है.

इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक भी डाक विभाग के तहत संचालित होता है. (PTI)

अधिकांश लोग शायद ही जानते होंगे कि पोस्ट ऑफिस में पांच तरह के सेविंग और करंट अकाउंट खोले जा सकते हैं. देशभर में 1.5 लाख से अधिक पोस्ट ऑफिस और तीन लाख से भी ज्यादा डाकिये के नेटवर्क का संचालन करने वाला डाक विभाग बचत खाता यानी सेविंग अकाउंट उपलब्ध कराता है. छोटी बचत योजना पोर्टफोलियो के तहत इसे पोस्ट ऑफिस सेविंग अकाउंट कहते हैं. साथ ही भारतीय डाक विभाग की सहायक भारतीय डाक पेमेंट बैंक (IPPB) भी सेविंग और करंट अकाउंट खोलने की सुविधा देता है.

एक नाबालिक लड़की का बचत बैंक खाता खोलना बैंकिंग शब्दावली में निम्नलिखित में से किसे कहा जाएगा?

Key Points

Additional Information

  • बचत बैंक खाता
    • यह ज्यादातर पेंशनभोगी, छात्रों और काम करने वाले पेशेवरों के लिए योग्य है।
    • बैंक जमा पर ब्याज देता है।
    • इस प्रकार के बैंक खाते अधिकतर व्यवसायियों द्वारा खोले जाते हैं और उपयोगी होते हैं जब दैनिक आधार चालू खाते के प्रकार क्या हैं? पर अक्सर लेनदेन की आवश्यकता होती है।
    • एक अधिविकर्ष सुविधा उपलब्ध है।
    • जमा पर कोई ब्याज नहीं दिया जाता है।
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